((بِسْمِ اللَّهِ وَاللَّهُ أَكْبَرُ [اللَّهُمَّ مِنْكَ وَلَكَ] اللَّهُمَّ تَقَبَّلْ مِنِّي)).
246. (अल्लाह के नाम से ज़बह़ करता हूं। अल्लाह सबसे बड़ा है। [ऐ अल्लाह! यह क़ुरबानी तेरी ही तरफ़ से और तेरे ही लिए है] ऐ अल्लाह! इसे मेरी तरफ़ से क़बूल फ़रमा) (1) ......................... (1) मुस्लिमः3/1557, ह़दीस संख्याः1967, बैहक़ीः9/287 दोनों कोष्ठों के बीच के शब्द बैहक़ी के हैं, 9/287 आदि। और अन्तिम वाक्य मुस्लिम की रिवायत का अर्थ है।
सुनें · आवाज़ Hamad al-Duraiham